सौंदर्य सनस्क्रीन कितनी तरह की होती है? उसका एसपीएफ कितना होना चाहिए? किस स्किन पर कौन-सी सनस्क्रीन लगाना सही रहेगा, इन सभी बातों की जानकारी अनिवार्य है। आपके लिए कौन-सी सनस्क्रीन बेस्ट है, जानें।
मौसम चाहे कोई भी हो, यूवी किरणों का प्रभाव हर त्वचा पर पड़ता है। कई बार धूप से बचने के साधारण उपाय अपनाने के बाद भी त्वचा प्रभावित हो जाती है। इससे बचने का एक ही उपाय है कि घर या घर से बाहर निकलते वक्त सनस्क्रीन क्रीम या लोशन का इस्तेमाल जरूर किया जाए। जानें, इससे जुड़ी कुछ जानकारियों के बारे में।
एक शोध के अनुसार, उम्र से पहले त्वचा पर पडऩे वाली झुर्रियां, फाइन लाइंस, त्वचा का फटना, रंगत पर प्रभाव, झांइयों का सबसे बड़ा कारण यूवी किरणें होती हैं। ज़्यादा देर तक धूप में रहने से न सिर्फ त्वचा पर कालापन आ जाता है, बल्कि त्वचा के स्वास्थ्य से जुड़ी कुछ गंभीर समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं। सनस्क्रीन लोशन का चुनाव करते समय उसमें मौज़ूद सन प्रोटेक्शन फैक्टर यानी एसपीएफ की मात्रा की सही जानकारी होना ज़रूरी हो। अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी के एक्सपर्ट मानते हैं कि कम से कम एसपीएफ 15 की मात्रा वाली सनस्क्रीन लगाना बेहतर रहता है। लेकिन बढ़ती गर्मी और प्रदूषण के दौरान एसपीएफ 15 से लेकर एसपीएफ 30 वाले सनस्क्रीन लोशन ज्य़ादा प्रभावी होते हैं।
मौसम चाहे कोई भी हो, यूवी किरणों का प्रभाव हर त्वचा पर पड़ता है। कई बार धूप से बचने के साधारण उपाय अपनाने के बाद भी त्वचा प्रभावित हो जाती है। इससे बचने का एक ही उपाय है कि घर या घर से बाहर निकलते वक्त सनस्क्रीन क्रीम या लोशन का इस्तेमाल जरूर किया जाए। जानें, इससे जुड़ी कुछ जानकारियों के बारे में।
एक शोध के अनुसार, उम्र से पहले त्वचा पर पडऩे वाली झुर्रियां, फाइन लाइंस, त्वचा का फटना, रंगत पर प्रभाव, झांइयों का सबसे बड़ा कारण यूवी किरणें होती हैं। ज़्यादा देर तक धूप में रहने से न सिर्फ त्वचा पर कालापन आ जाता है, बल्कि त्वचा के स्वास्थ्य से जुड़ी कुछ गंभीर समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं। सनस्क्रीन लोशन का चुनाव करते समय उसमें मौज़ूद सन प्रोटेक्शन फैक्टर यानी एसपीएफ की मात्रा की सही जानकारी होना ज़रूरी हो। अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी के एक्सपर्ट मानते हैं कि कम से कम एसपीएफ 15 की मात्रा वाली सनस्क्रीन लगाना बेहतर रहता है। लेकिन बढ़ती गर्मी और प्रदूषण के दौरान एसपीएफ 15 से लेकर एसपीएफ 30 वाले सनस्क्रीन लोशन ज्य़ादा प्रभावी होते हैं।
तीरथराम शाह हॉस्पिटल में डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. सुनीता रानी का कहना है, यह सच है कि सनस्क्रीन लगाकर तपती गरमी में भी आप अपनी त्वचा को तरोताजा बनाए रख सकती हैं। लेकिन आपकी त्वचा के लिए कौनसा और कितने एसपीएफ का सनस्क्रीन उपयुक्त है, इसकी जानकारी होना भी जरूरी है। आपकी त्वचा को सबसे ज्यादा नुकसान सूर्य की अल्ट्रावॉयलेट किरणों से ही होता है। इसकी वजह से त्वचा झुलस जाती है और नियमित तौर पर धूप में पडऩे वाले शरीर के खुले हिस्सों पर टैनिंग हो जाती है। इससे बचने के लिए आप जब भी अपने घर से बाहर जाएं, तो निकलने से दस मिनट पहले अपने शरीर के खुले हिस्सों पर अच्छी तरह से 30 एसपीएफ युक्त अच्छी किस्म का सनस्क्रीन लोशन लगाएं।
Vikash Swarnkaar
President Diamond
VLCC WELLSCIENCE
+91 9334415500

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